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जमीन को लेकर हुई मारपीट में युवक की मौत


पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर किया चालान

 ✍️प्रणय तिवारी

शाहगंज। भूमि विवाद को लेकर जिले में  हत्या का दौर नहीं थम रहा है। शुक्रवार को शाहगंज सर्किल में हत्या की दो वारदात हुई, पहली वारदात खुटहन थाना क्षेत्र  में  दो सगे भाइयों के बीच हुई ।
दूसरी वारदात सरपतहाँ थाना क्षेत्र में हुई।
 दोनों ही घटनाओं का कारण  जमीन का चंद टुकड़ा रहा है।
थाना सरपतहां  क्षेत्र के शेखपुर गांव निवासी 22 वर्षीय रामू प्रजापति पुत्र रामधनी प्रजाति व पडोसी रमेश विश्वकर्मा के बीच आबादी की जमीन को लेकर  पिछले कई महीने से विवाद चल रहा है।
शुक्रवार को एक पक्ष के गढ्ढा खोदने से विवाद हो जाने पर  देर शांम लगभग साढे सात बजे दोनों ओर से मारपीट होने लगी।
जिसमें  38 वर्षीय रमेश विश्वकर्मा ने डंडे से रामू के सिर पर मार दिया। रामू वही गिर गया। आनन फानन में परिजन रामू को सामुदायिक स्वा केन्द्र सुइथाकलां ले गये। जहां डाक्टरों ने रामू को मृत घोषित कर दिया । 
घटना की सूचना पाते ही थाना प्रभारी निरीक्षक जेपी सिंह हमराहियों के साथ मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। 
 मृतक के परिवार की तरफ से धारा 304 के तहत नामजद रमेश विश्वकर्मा के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया । मृतक की मौत से परिजनो मे कोहराम मच गया । 
मृतक की पत्नी अपने मायके मे थी ।घटना सूचना  मिलते ही घर आ गई। इतने बड़े हादसे के बाद से पूरे परिवार का रो रो कर बुरा हाल हो गया। 
इसी सन्दर्भ में  प्रभारी निरीक्षक जे पी सिंह ने बताया कि  आबादी की जमीन में एक पक्ष गढा खोदने को लेकर विवाद हुआ। आरोपी को गिरफ्तार करके चालान न्यायालय भेज दिया है।। 

 

पुलिस की लापरवाही से बढ़ रही हैं घटनाएं

शाहगंज।  शाहगंज सर्किल में अपराधिक घटनाओं के बढ़ने की मुख्य वजह पुलिस की लापरवाही बताई जाती है ।
सर्किल के खेतासराय थाना, खुटहन थाना और सरपतहां थाना क्षेत्र में पुलिस गश्त के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति कर रही है ।
खुद इंस्पेक्टर से लेकर बीट के सिपाही अपराध पर नियंत्रण नहीं कर पा रहे हैं । खेतासराय थाना क्षेत्र में लेदरही गांव में पिछले दिनों ऐसी ही वारदात घटित हुई । खुटहन में  जमीन विवाद को लेकर बम तक चल चुके। सरपतहाँ थाना क्षेत्र  में जमीन विवाद की 2 दर्जन से अधिक घटनाएं हो चुकी है लेकिन प्रभारी निरीक्षक जेपी सिंह मामले को निस्तारित करने की वजह सिर्फ टालमटोल की नीति अपनाते हैं।

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